
जांजगीर-चांपा। जिले में लंबे समय से चल रहे अवैध लकड़ी तस्करी के खेल पर वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में इमारती लकड़ी जब्त की है। यह कार्रवाई अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम अकलतरी से लगे भादा मोड़ स्थित एक पुराने राइस मिल परिसर में अवैध रूप से लकड़ी का भंडारण और कारोबार संचालित किया जा रहा था। गुप्त सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमार कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान विभिन्न प्रजातियों की इमारती लकड़ियां बरामद की गईं।
वन अधिकारियों के अनुसार, मौके से लगभग 15 ट्रक लकड़ी जब्त किए जाने की बात सामने आ रही है। जब्त लकड़ियों की कीमत का आकलन फिलहाल जारी है। प्रारंभिक जांच में यह भी पता चला है कि परिसर में तेंदू की लकड़ी भी रखी हुई थी, जिसका उपयोग कथित तौर पर 12 बोर की बंदूक बनाने में किया जाता है।
गौरतलब है कि जांजगीर-चांपा और सक्ती जिले का वन क्षेत्र चांपा स्थित वन विभाग कार्यालय के संयुक्त संचालन में आता है। ऐसे में इस कार्रवाई को दोनों जिलों के लिए अहम माना जा रहा है।
अब बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इस अवैध तस्करी के पीछे आखिर कौन लोग शामिल हैं? राइस मिल किसकी है और किसके संरक्षण में यह कारोबार चल रहा था? फिलहाल इन सवालों के जवाब सामने नहीं आए हैं, लेकिन वन विभाग ने जांच तेज कर दी है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा होने की संभावना जताई जा रही है।

