
लखनऊ,
उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव और डीजीपी प्रशांत कुमार आज प्रयागराज दौरे पर रहेंगे। जहां वे महाकुंभ हादसे के कारणों का पता लगाने का प्रयास करेंगे। महाकुंभ भगदड़ को लेकर गृह विभाग के प्रमुख सचिव ने न्यायिक आयोग के गठन की अधिसूचना जारी की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे की न्यायिक जांच के आदेश देते हुए तीन सदस्यीय न्यायिक जांच आयोग का गठन किया। इस आयोग के अध्यक्ष पूर्व न्यायाधीश हर्ष कुमार होंगे, जबकि पूर्व डीजी वी.के. गुप्ता और रिटायर्ड आईएएस डी.के. सिंह को आयोग में शामिल किया गया है। यह आयोग एक समय सीमा के अंदर अपनी रिपोर्ट देगा। पुलिस भी मामले की जांच करेगी और हादसे के कारणों की गहराई से पड़ताल की जाएगी।
मंगलवार रात मची थी भगदड़
महाकुंभ क्षेत्र में मंगलवार रात 2 बजे अचानक भगदड़ मच गई थी। जिसमें 30 के आसपास लोगों की मृत्यु हुई है। 36 घायलों का प्रयागराज में उपचार चल रहा है। शेष घायलों को उनके परिवार से सदस्य लेकर चले गए हैं। मरने वाले लोगों की संख्या में इजाफा हो सकता है। अभी भी मेला क्षेत्र में कई लोग स्वजनों को खोज रहे हैं। जिनका कोई पता नहीं चल रहा है। प्रशासन लगातार राहत बचाव कार्य चला रहा है। मौके पर भारी पुलिस और सुरक्षा बल तैनात है। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ मौके पर तैनात है। घटना में घायल हुए लोगों का अलग-अलग अस्पताल में एडमिट किया गया।
घटना का जिक्र करते हुए बुधवार को मुख्यमंत्री भावुक हो गए थे। इस दौरान उन्होंने कहा था कि इतनी तैयारियों के बावजूद यह हादसा बेहद दुखद है। मंगलवार शाम 7 बजे से ही काफी बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन प्रयागराज पहुंचकर स्नान भी कर रहे थे और काफी बड़ी संख्या में ब्रह्म मुहूर्त का भी इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान अखाड़ा मार्ग पर संगम तट पर यह हादसा हुआ। यह हादसा भारी भीड़ के द्वारा अखाड़ा मार्ग के बैरिकेड्स को तोड़ने और उसके बाद उससे कूदकर जाने के कारण हुआ है, जिसमें 30 के आसपास लोगों की मृत्यु हुई है। 36 घायलों का प्रयागराज में उपचार चल रहा है।